-- स्वर्ग नरक का भय दिखाकर बनाया जाता है शोषण का शिकार: वीरेंद्र अर्जक
विनोद विरोधी
गया, बिहार।
जाने-माने समाजसेवी डॉ भुनेश्वर यादव के माता-पिता दिवंगत कुलदीप यादव एवं शनिचरी देवी के प्रतिमा अनावरण समारोह का आयोजन जिले के मोहनपुर प्रखंड के गोपालकेड़ा पंचायत अंतर्गत बगहा गांव में किया गया। प्रतिमा अनावरण कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन पूर्व विधायिका समता देवी द्वारा फीता काटकर एवं मानववादी विचारक वीरेंद्र कुमार अर्जक द्वारा त्रिशरण का पाठ कराकर किया गया। प्रतिमा अनावरण समारोह को संबोधित करते हुए मानववादी विचारक वीरेंद्र कुमार अर्जक ने कहा कि समाज में कर्मकांड के नाम पर पीड़ित परिजनों को स्वर्ग नरक का भय दिखाकर शोषण का शिकार बनाया जाता है। विषमता मूलक संस्कृति पर आधारित मनुवादी व्यवस्था को मानवादी संगठन अर्जक संघ समता,न्याय और बंधुता के माध्यम से मानववाद की स्थापना करना चाहता है। वहीं पूर्व विधायिका समता देवी ने कहा कि दलित पिछड़ा समुदाय के लोग मंदिरों का निर्माण कर मनुवादियों के लिए रोजगार मुहैया करा रहे हैं, जबकि मंदिरों के निर्माण करने वाले लोग उससे न्याय की भीख मांगते हैं। उन्होंने बतायी कि वंचित समाज के लोग ऐसे परंपरागत रूढ़ियों से सावधान रहें। इस अवसर पर उन्होंने सहोदय ट्रस्ट में अध्यनरत बच्चों के बीच स्टेशनरी सामग्रियों का वितरण भी किया।समारोह को संबोधित करने वालों में अर्जक संघ के जिलाध्यक्ष प्रहलाद राय,जिलामंत्री सह पत्रकार विनोद विरोधी, पूर्व शिक्षक शिवनारायण यादव, गया कॉलेज गया के पूर्व भूगोल विभागाध्यक्ष प्रो रामकृष्ण प्रसाद यादव, सुरेश दास, संजय मंडल, अजय कुमार, सुरेश प्रसाद, पूनम राज ,मनोरमा देवी ,श्याम बिहारी यादव, कंचन कुमार सुमो, मुखिया शिवधारी यादव समेत अन्य लोगों ने भी अपने विचार व्यक्त किये। कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व मुखिया जानकी प्रसाद यादव ने की। विदित हो कि दिवंगत शनिचरी देवी की मृत्यु विगत 6 मार्च 2026 को पैतृक निवास पर हो गई थी, किंतु उस वक्त परंपरागत कर्मकांड को नकारते हुए अंत्येष्टि के तुरंत बाद ही परिजनों के मौजूदगी में शोक सभा का आयोजन कर कार्यक्रम को समाप्त कर दिया गया था। उस दौरान न तो कोई कर्मकांड का आयोजन किया गया था और नहीं कोई मृत्यु भोज ।
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