भारत समाचार न्यूज एजेंसी
गोरखपुर, उत्तर प्रदेश।
शहर में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन को नई दिशा देने वाली महत्वाकांक्षी वेस्ट-टू-एनर्जी परियोजना की सराहना हो रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा शुभारंभ के पश्चात यहां शहरवासी पहुंच कर आनंद उठा रहे हैं। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के नगर कार्यवाह शैलेन्द्र गुप्ता ने स्वयंसेवकों की टीम के साथ किया। उन्होंने परियोजना की कार्यप्रणाली, तकनीकी व्यवस्थाओं और पर्यावरणीय प्रभावों का विस्तार से जानकारी हासिल किया। लगभग 2.26 लाख टन लीगेसी वेस्ट के निस्तारण के उद्देश्य से स्थापित इस परियोजना में आधुनिक तकनीकों का उपयोग किया जा रहा है, जिससे कचरे को उपयोगी ऊर्जा एवं अन्य उत्पादों में परिवर्तित किया जा सके। अधिकारियों ने जानकारी दी कि इस परियोजना की अनुमानित लागत 1055 करोड़ रुपये है, जिसे चरणबद्ध तरीके से विकसित किया जा रहा है।
नगर कार्यवाह शैलेन्द्र गुप्ता ने कहा कि इस प्रकार की पहल न केवल शहर को स्वच्छ बनाने में सहायक होगी, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और ऊर्जा उत्पादन के क्षेत्र में भी महत्वपूर्ण योगदान देगी। उन्होंने सहयोगियों के साथ विभिन्न इकाइयों का निरीक्षण कर कचरा प्रबंधन की प्रक्रियाओं को समझा और संबंधित अधिकारियों से विस्तृत जानकारी ली। देखरेख व सुरक्षा के लिए अधिकारियों से वार्ता भी किया। अखिलेश्वर धर द्विवेदी ने
परियोजना की सराहना करते हुए इसे स्वच्छता और सतत विकास की दिशा में एक प्रभावी कदम व ठोस पहल करार दिया । अवलोकन के दौरान परियोजना से जुड़े अधिकारियों ने संचालन, लागत और भविष्य की योजनाओं पर भी प्रकाश डाला। महर्षि मोदनसेन समिति के अध्यक्ष रमाशंकर, डा धर्मेंद्र, डा अभिषेक सिंह, विनय, परमानन्द सहित अन्य उपस्थित रहे।
© Copyright All rights reserved by India Khabar 2026